बस्तर दशहरा में CM साय ने बताईं खुशियों की 2 बड़ी वजहें, पहली राष्ट्रपति का आगमन तो दूसरी वजह ने खींचा सबका ध्यान!
बस्तर दशहरा में CM साय ने बताईं खुशियों की 2 बड़ी वजहें, पहली राष्ट्रपति का आगमन तो दूसरी वजह ने खींचा सबका ध्यान!
Bastar Dussehra 2026: छत्तीसगढ़ के विश्वप्रसिद्ध बस्तर दशहरा में इस बार उत्साह और उल्लास का खास माहौल देखने को मिला। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और राज्यपाल रमेन डेका के साथ मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय भी आयोजन में शामिल हुए। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बस्तर के लिए इस साल की दो बड़ी खुशियों का जिक्र किया। पहली खुशी राष्ट्रपति का बस्तर दशहरा में आगमन और दूसरी माओवाद से मुक्ति को लेकर जताई गई उम्मीद है।
लालबाग मैदान में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राष्ट्रपति और राज्यपाल का बस्तर दशहरा में स्वागत करना उनके लिए गौरव की बात है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति को आयोजन में शामिल होने का निमंत्रण दिया गया था, जिसे स्वीकार कर उन्होंने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम का उत्साह बढ़ाया।
75 दिनों तक चलने वाले दशहरे में इस बार खास उत्साह
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि बस्तर दशहरा केवल एक पर्व नहीं, बल्कि यहां की समृद्ध परंपरा, आस्था और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक है। करीब 75 दिनों तक चलने वाले इस अनूठे आयोजन में अनेक पारंपरिक रस्में निभाई जाती हैं।
उन्होंने कहा कि इस साल दो वजहों से बस्तर के लोग विशेष रूप से खुश हैं। एक ओर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का आगमन आयोजन के लिए गौरव का विषय है, वहीं दूसरी ओर बस्तर को माओवाद से मुक्त करने की दिशा में मिली सफलता को उन्होंने बड़ी उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत किया।
बस्तर की संस्कृति को देश-दुनिया तक पहुंचाने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘बस्तर पंडुम’ जैसे आयोजनों के माध्यम से क्षेत्र की संस्कृति और परंपराओं को देश-विदेश तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने ‘बस्तर मुन्ने’ और ‘नियद नेल्लानार’ जैसी पहलों का उल्लेख करते हुए कहा कि इनके माध्यम से क्षेत्र में विकास और बुनियादी सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।
सड़कों के निर्माण से दूरस्थ इलाकों को जोड़ने पर भी जोर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री के अनुसार, इन मार्गों पर मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा के जरिए लोगों की आवाजाही को सुविधाजनक बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
रेल, स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में विकास का दावा
मुख्यमंत्री साय ने बस्तर में विकास कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि रायपुर से रावघाट रेल लाइन पर परिचालन शुरू हो चुका है, जबकि रावघाट से जगदलपुर तक रेल संपर्क विकसित करने का काम जारी है।
उन्होंने कहा कि वनोपज का उचित मूल्य दिलाने के प्रयास किए जा रहे हैं। ओरछा और जगरगुंडा में एजुकेशन सिटी विकसित करने की योजना पर काम हो रहा है। इसके अलावा जगदलपुर में सुपर स्पेशलिस्ट अस्पताल और गीदम में मेडिकल कॉलेज का भी उल्लेख किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि बस्तर के लोगों को बेहतर शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं, परिवहन और रोजगार के अवसर उपलब्ध हों, ताकि क्षेत्र विकास की मुख्यधारा से और मजबूती से जुड़ सके।

