छत्तीसगढ़ में ED की बड़ी दबिश, रायपुर से दुर्ग तक सुबह-सुबह पहुंची टीम, कारोबारी ठिकानों पर जांच से मचा हड़कंप

छत्तीसगढ़ में ED की बड़ी दबिश, रायपुर से दुर्ग तक सुबह-सुबह पहुंची टीम, कारोबारी ठिकानों पर जांच से मचा हड़कंप

छत्तीसगढ़ में ED की बड़ी दबिश, रायपुर से दुर्ग तक सुबह-सुबह पहुंची टीम, कारोबारी ठिकानों पर जांच से मचा हड़कंप

रायपुर। छत्तीसगढ़ में मंगलवार, 27 अक्टूबर 2026 की सुबह प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी की कार्रवाई की खबर सामने आई है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, जांच एजेंसी की टीमें रायपुर और दुर्ग के कुछ ठिकानों पर पहुंचीं। राजधानी रायपुर के रवि नगर में कारोबारी के आवास और आरंग में सराफा कारोबारी नितिन डागा के घर तलाशी की सूचना है। बताया जा रहा है कि जांच के दौरान दस्तावेजों और डिजिटल उपकरणों की पड़ताल की जा रही है।

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, ईडी की टीम सुबह तड़के रायपुर के पंडरी और रवि नगर इलाके में भी पहुंची थी। हालांकि, कार्रवाई के पीछे का पूरा मामला क्या है और किन आरोपों या वित्तीय लेनदेन की जांच की जा रही है, इसे लेकर अभी विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

रवि नगर में कारोबारी के आवास पर जांच

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब छह बजे ईडी के अधिकारी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के जवानों के साथ रायपुर के रवि नगर पहुंचे। यहां कारोबारी सुशील कुमार के आवास पर जांच किए जाने की सूचना मिली है। टीम के दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की पड़ताल करने की बात कही जा रही है।

हालांकि, तलाशी के दौरान किन दस्तावेजों को जांच के लिए लिया गया, क्या कोई सामग्री जब्त हुई या किसी से पूछताछ की गई, इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है। जांच एजेंसी की ओर से विस्तृत बयान सामने आने के बाद ही कार्रवाई की प्रकृति को लेकर स्पष्ट जानकारी मिल सकेगी।

आरंग के सराफा कारोबारी नितिन डागा के घर भी पहुंची टीम

रायपुर जिले के आरंग में सराफा कारोबारी नितिन डागा के आवास पर भी ईडी की कार्रवाई की सूचना है। शुरुआती जानकारी में उनके और परिवार के कथित भूमि लेनदेन की जांच किए जाने की चर्चा है। हालांकि, इस संबंध में अभी तक कोई विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

जमीन की खरीद-बिक्री और संबंधित वित्तीय लेनदेन को लेकर जांच की अटकलें लगाई जा रही हैं। लेकिन जांच का वास्तविक दायरा क्या है और किन लेनदेन पर एजेंसी का ध्यान है, इसकी पुष्टि होने तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा।

भारतमाला परियोजना मामले से जोड़कर देखी जा रही कार्रवाई

रायपुर और दुर्ग में सामने आई तलाशी की खबरों को भारतमाला परियोजना में कथित भूमि अधिग्रहण और मुआवजा अनियमितताओं की जांच से भी जोड़कर देखा जा रहा है। इस मामले में ईडी पहले भी छत्तीसगढ़ में अलग-अलग ठिकानों पर कार्रवाई कर चुकी है।

जून 2026 में प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, ईडी ने भारतमाला परियोजना के मुआवजे और जिला खनिज न्यास निधि से जुड़ी कथित अनियमितताओं के मामलों में रायपुर, दुर्ग, धमतरी, कोरबा और अंबिकापुर समेत विभिन्न स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया था। 

हालांकि, मंगलवार की ताजा कार्रवाई सीधे भारतमाला परियोजना से जुड़ी है या किसी अन्य मामले में की जा रही है, इसकी अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए इस संबंध को फिलहाल संभावित कड़ी या चर्चा के रूप में ही देखा जाना चाहिए।

गिरफ्तारी और बरामदगी पर अभी स्पष्ट जानकारी नहीं

फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार, रायपुर और आरंग में तलाशी के दौरान किसी गिरफ्तारी, नकदी बरामदगी या संपत्ति जब्त किए जाने की पुष्टि नहीं हुई है। दुर्ग में कार्रवाई से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी सामने आना बाकी है।

ईडी की ओर से आधिकारिक बयान आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि जांच किस मामले में की जा रही है, किन ठिकानों पर कार्रवाई हुई और तलाशी के दौरान क्या मिला। तब तक सामने आई जानकारी को शुरुआती रिपोर्ट के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।