अमित शाह की अध्यक्षता में दिल्ली में हुई बड़ी बैठक, छत्तीसगढ़ को मिला खास प्रतिनिधित्व! सहकारिता और किसानों के भविष्य को लेकर बनी अहम रणनीति
अमित शाह की अध्यक्षता में दिल्ली में हुई बड़ी बैठक, छत्तीसगढ़ को मिला खास प्रतिनिधित्व! सहकारिता और किसानों के भविष्य को लेकर बनी अहम रणनीति
NCDC की 93वीं महापरिषद बैठक में मार्कफेड अध्यक्ष शशिकांत द्विवेदी ने छत्तीसगढ़ का पक्ष रखा। बोले- पिछले पांच वर्षों में राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम ने सफलता के नए आयाम स्थापित किए हैं।
रायपुर। देश में सहकारिता आंदोलन को मजबूत बनाने और किसानों की आर्थिक स्थिति को बेहतर करने की दिशा में नई दिल्ली में एक अहम बैठक आयोजित की गई। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम (NCDC) की महापरिषद की 93वीं बैठक संपन्न हुई। इस उच्चस्तरीय बैठक में छत्तीसगढ़ को भी विशेष प्रतिनिधित्व मिला। छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी विपणन संघ (मार्कफेड) के अध्यक्ष शशिकांत द्विवेदी ने प्रदेश का प्रतिनिधित्व करते हुए सहकारिता क्षेत्र से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपने विचार रखे।
इस बैठक का मुख्य उद्देश्य सहकार से समृद्धि की परिकल्पना को जमीन पर उतारना और देश में सहकारी संस्थाओं को आर्थिक एवं ढांचागत रूप से मजबूत बनाना रहा। बैठक में देशभर के सहकारी क्षेत्र के वरिष्ठ अधिकारियों और प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। इस दौरान सहकारी संस्थाओं की कार्यक्षमता बढ़ाने, वित्तीय मजबूती और सहकारिता आंदोलन को नई गति देने जैसे विषयों पर चर्चा हुई।
पिछले पांच वर्षों में NCDC ने हासिल किए नए मुकाम
बैठक के दौरान मार्कफेड अध्यक्ष शशिकांत द्विवेदी ने राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम की उपलब्धियों की सराहना की। उन्होंने कहा कि NCDC की स्थापना वर्ष 1963 में हुई थी, लेकिन केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के दूरदर्शी और मजबूत नेतृत्व में पिछले पांच वर्षों के दौरान संस्था ने अभूतपूर्व प्रगति की है। इस अवधि में निगम ने सफलता के कई नए आयाम स्थापित किए हैं और सहकारिता क्षेत्र को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
द्विवेदी ने कहा कि सहकारी संस्थाओं को मजबूत बनाने के लिए लगातार किए जा रहे प्रयासों से देश में सहकारिता आंदोलन को नई पहचान मिल रही है। इससे किसानों, ग्रामीण क्षेत्रों और सहकारी समितियों को आगे बढ़ने के नए अवसर मिल सकते हैं।
छत्तीसगढ़ में किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर जोर
बैठक में शशिकांत द्विवेदी ने छत्तीसगढ़ में सहकारिता के माध्यम से किसानों की आर्थिक स्थिति बेहतर बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में राज्य सरकार की प्राथमिकताओं और पहलों को भी सामने रखा।
उन्होंने बताया कि सहकारी समितियां प्रदेश के किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे में सहकारी संस्थाओं की वित्तीय और ढांचागत क्षमता बढ़ाना जरूरी है, ताकि किसानों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें और ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा सके।
सहकार से समृद्धि के विजन को मिलेगी नई मजबूती
NCDC की इस 93वीं बैठक को देश में सहकारी ढांचे को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बैठक में सहकारी संस्थाओं की वित्तीय क्षमता बढ़ाने, उनके बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाने और कामकाज में पारदर्शिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
इस बैठक में छत्तीसगढ़ की भागीदारी से प्रदेश के सहकारी क्षेत्र से जुड़े मुद्दों और प्राथमिकताओं को राष्ट्रीय स्तर पर रखने का अवसर मिला। आने वाले समय में इन प्रयासों से छत्तीसगढ़ सहित देशभर की सहकारी समितियों को मजबूती मिलने और किसानों व ग्रामीण अर्थव्यवस्था को लाभ पहुंचने की उम्मीद है।

