गंगोत्री हाईवे पर मौत का खौफनाक मंजर! सात यात्रियों से भरी इनोवा भागीरथी नदी में समाई, किनारे पत्थरों के बीच मिले 4 शव, बाकी की तलाश जारी

गंगोत्री हाईवे पर मौत का खौफनाक मंजर! सात यात्रियों से भरी इनोवा भागीरथी नदी में समाई, किनारे पत्थरों के बीच मिले 4 शव, बाकी की तलाश जारी

गंगोत्री हाईवे पर मौत का खौफनाक मंजर! सात यात्रियों से भरी इनोवा भागीरथी नदी में समाई, किनारे पत्थरों के बीच मिले 4 शव, बाकी की तलाश जारी

उत्तराखंड। उत्तराखंड के गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर गुरुवार सुबह एक ऐसा दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। गंगनानी के पास सात यात्रियों से भरी एक इनोवा कार अचानक अनियंत्रित होकर सीधे भागीरथी नदी में जा गिरी। हादसा इतना भयावह था कि देखते ही देखते कार नदी के तेज बहाव में समा गई। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। राहत और बचाव अभियान के दौरान नदी किनारे पत्थरों के बीच से अब तक चार लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं। वहीं, बाकी यात्रियों का अभी तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है। इस दर्दनाक हादसे का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

गुजरात से गंगोत्री धाम जा रहे थे सभी यात्री

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, इनोवा कार में सवार सभी सात यात्री गुजरात के साबरमती क्षेत्र के रहने वाले बताए जा रहे हैं। सभी उत्तरकाशी से गंगोत्री धाम की ओर जा रहे थे। किसी को अंदाजा नहीं था कि धार्मिक यात्रा के दौरान रास्ते में ऐसा खौफनाक हादसा हो जाएगा। बताया जा रहा है कि दुर्घटना गंगनानी में गर्मकुंड से करीब 20 मीटर आगे डबरानी की ओर हुई। इसी दौरान अचानक कार चालक का वाहन से नियंत्रण हट गया और कार सड़क से नीचे लुढ़कते हुए सीधे भागीरथी नदी में जा गिरी। नदी का बहाव काफी तेज होने के कारण वाहन और उसमें सवार यात्रियों की तलाश करना बचाव दल के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।

पत्थरों के बीच मिले चार शव, बाकी यात्रियों की तलाश जारी

हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य के निर्देश पर स्थानीय पुलिस, SDRF और 108 एंबुलेंस सेवा की टीमें तत्काल घटनास्थल पर पहुंचीं। इसके बाद नदी में लापता यात्रियों की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। बचाव दल को नदी किनारे पत्थरों के बीच से चार लोगों के शव मिले हैं। इन शवों को बाहर निकालकर आगे की आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। हालांकि, कार में सवार बाकी यात्रियों का अब तक पता नहीं चल पाया है। जल पुलिस और प्रशिक्षित गोताखोर तेज बहाव के बीच लगातार तलाश अभियान चला रहे हैं।

NDRF की 27 सदस्यीय टीम भी रेस्क्यू में जुटी

हादसे की गंभीरता और नदी के तेज बहाव को देखते हुए प्रशासन ने बचाव अभियान तेज कर दिया है। मनेरा से NDRF की 27 सदस्यीय टीम को भी घटनास्थल के लिए रवाना किया गया है। पुलिस, SDRF, NDRF और गोताखोरों की टीमें आपसी समन्वय के साथ नदी में सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। प्रशासन के आपदा कंट्रोल रूम को सक्रिय कर दिया गया है। वहीं, यात्रियों की पहचान करने और उनके परिजनों से संपर्क स्थापित करने की कोशिश की जा रही है। आपदा प्रबंधन केंद्र और चिकित्सा दल को भी अलर्ट पर रखा गया है, ताकि किसी घायल या जीवित व्यक्ति के मिलने पर उसे बिना देरी अस्पताल पहुंचाया जा सके।

कैसे हुआ इतना बड़ा हादसा? जांच में जुटा प्रशासन

फिलहाल हादसे की असली वजह सामने नहीं आई है। पुलिस और प्रशासन की टीमें दुर्घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही हैं। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि कार अचानक अनियंत्रित कैसे हुई और क्या हादसे के पीछे सड़क की स्थिति, वाहन में तकनीकी खराबी या कोई अन्य कारण था। फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती नदी में लापता यात्रियों को तलाशना है। चार शव मिलने के बाद पूरे इलाके में मातम और चिंता का माहौल है। रेस्क्यू टीमें लगातार भागीरथी नदी में तलाश अभियान चला रही हैं।